By using this site, you agree to the Privacy Policy
Accept
June 5, 2026
The Fourth
  • World
  • India
  • Politics
  • Sports
  • Business
  • Tech
  • Fourth Special
  • Lifestyle
  • Health
  • More
    • Travel
    • Education
    • Science
    • Religion
    • Books
    • Entertainment
    • Food
    • Music
Reading: हिंदू-मुसलमान के सौहार्द वाली रामलीला
Font ResizerAa
The FourthThe Fourth
Search
  • World
  • India
  • Politics
  • Sports
  • Business
  • Tech
  • Fourth Special
  • Lifestyle
  • Health
  • More
    • Travel
    • Education
    • Science
    • Religion
    • Books
    • Entertainment
    • Food
    • Music
Follow US
history of ramlila in uttarakhand 1280x720 1 - The Fourth
Fourth Special

हिंदू-मुसलमान के सौहार्द वाली रामलीला

तल्लीताल रामलीला समिति के अध्यक्ष रवींद्र पांडे बताते हैं, 126 साल से मंचन जारी है।

Last updated: अक्टूबर 26, 2023 5:54 अपराह्न
By Parikshit 3 वर्ष पहले
Share
4 Min Read
SHARE

उत्तराखंड के नैनीताल में कई जगह ऐसी रामलीला होती है, जिसमें हिंदू-मुसलमान दोनों किरदार निभाते हैं। कुछ मुस्लिम कलाकार तो ऐसे हैं, जिन्हें किरदार निभाते हुए 40 बरस तक हो चुके हैं। तल्लीताल रामलीला समिति के अध्यक्ष रवींद्र पांडे बताते हैं, 126 साल से मंचन जारी है। अनवर रजा तीन दशक से नैनीताल की अलग-अलग रामलीलाओं में हिस्सा लेते आ रहे हैं। कहते हैं इंसान के दिल में, उसके रोम-रोम में राम भी हैं और रहीम भी है। मैं कभी शत्रुघ्न, तो कभी केवट और कभी विश्वामित्र बनता हूं। 1995 से रामलीला के मंचन से जुड़ा था और मैंने सबसे पहले शिवजी के रूप में अभिनय किया था। मैं पांचों वक्त की नमाज पढ़ता हूं और रोज़ भी रखता हूं, मगर मेरी जो आज पहचान बनी है, वो रामलीला से ही बनी है।

15 साल से अलग-अलग किरदार

अनवर फख्र से कहते हैं, मेरा परिवार हो या फिर मेरा समाज, वो भी मुझे रामलीला के मंच पर जाने से नहीं रोकते। आदर्श रामलीला समिति मुझे मेरे परिवार की ही तरह लगती है। 15 साल से अलग-अलग किरदार निभा रहे जावेद हुसैन बताते हैं- यूं तो बचपन में, मैं घरवालों के साथ रामलीला देखा करता था। तब रामलीला में वानरों को देख कर मैं अपने मन में यह सोचता था कि क्या कभी मैं भी वानर का किरदार कर पाऊंगा। पांच साल के थे, तब उन्हें रामलीला में एक वानर का रोल करने के लिए मिला। तब से आज लगातार 15 साल से रामलीला के साथ जुड़े हुए हैं।मैं अलग-अलग रामलीलाओं में नए-नए कैरेक्टर करता रहता हूं। इसके अलावा कलाकारों का मेकअप और ड्रेसअप से लेकर काफी चीजों पर भी काम करना जानता हूं। रामलीला ने हमें एक जुड़ाव दिया है अपने जन समुदाय से मिलने और उनसे जुडऩे का और उनके साथ प्रेम और सौहाद्र्र से रहने का।
वो गंगा-जमुनी तहजीब

जावेद हुसैन ने बताया, कुमाऊं की रामलीला को कुछ खास बातें अलग बनाती हैं, इसलिए यहां की रामलीला दूर-दूर तक मशहूर है। जावेद ने ताडक़ा के डायलाग (मैं तो ताडक़ा तड़-तड़ तड़ाक करती हूं, मैं तो सौ-सौ पुरुषों का आहार करती हूं) को गायन शैली में कहते हुए बताया कि दूसरी सबसे खास बात यह है कि यहां गायन शैली में रामलीलाओं का मंचन होता है। मैं एक मुसलमान हूं, लेकिन हमारी जो परंपरा है, वो गंगा-जमुनी तहजीब वाली है और वो परंपरा यहां बरकरार है। ऐसा आज तक नहीं हुआ कि हम कहीं रामलीला मंचन के लिए गये हों और हमें सम्मान ना मिला हो। वो कहते हैं, लोग हमें गले लगा कर यह कहते हैं कि वाह, आपके किरदार में मजा आ गया और यही वजह है कि हमें भी रामलीला के दौरान किरदार में डूब कर किरदार निभाने का मजा आता है। सईब अहमद के बिना नैनीताल की तल्लीताल रामलीला समिति अधूरी सी लगती है। सईब राम से लेकर दशानन रावण तक सभी पात्रों का मेकअप कर उन्हें किरदार के रूप में तैयार करते हैं।

You Might Also Like

World Environment Day 2026 क्यों पूरी दुनिया के लिए अहम है

उत्तराखंड में फिर खिला Valley of Flowers का सौंदर्य

क्या आप जानते हैं Operation Smiling Buddha क्या था?

Maharana Pratap जयंती 2026: वीरता को नमन

Operation Sindoor : 22 मिनट में भारत ने कैसे बदल दिया था आतंक के खिलाफ पूरा खेल

TAGGED: hindu, Muslim, Nainital, Ramleela, Tallital Ramleela Committee, Uttarakhand
Share This Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp LinkedIn
What do you think?
Love0
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Dead0
Wink0

Follow US

Find US on Social Medias

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
Loading

Popular News

‘द क्यूरियस केस ऑफ कोचर : चंदा पहुंची अर्श से फर्श पर’

3 वर्ष पहले

Motion Sickness: क्यों कुछ लोगों को सफर में होती है घबराहट

BJP सांसद रवि किशन पर एक महिला ने लगाए गंभीर आरोप!

क्या अब अपराधी चलाएंगे हमारा देश?

पश्चिम बंगाल के बर्धमान के रेलवे स्टेशन पर पानी की टंकी ढही, मौके पर ही तीन की मौत

You Might Also Like

IMG 20260323 WA0013 - The Fourth
Fourth Special

Shaheed Diwas 2026: भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव की शहादत, जानें इतिहास और देश क्यों करता है नमन

2 महीना पहले
2026
India

छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती 2026: इतिहास, महत्व और प्रेरणा का प्रतीक

4 महीना पहले
Basant Panchami
Fourth Special

Basant Panchami और वाग्देवी की विरासत जो आज भी भारत से दूर है

4 महीना पहले
WhatsApp Image 2025 12 03 at 10.00.55 AM - The Fourth
Fourth Special

Disability को समझने और स्वीकारने की दिशा में दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण कदम: International Day of Persons with Disabilities

6 महीना पहले
The Fourth
  • About Us
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Careers
  • Entertainment
  • Fashion
  • Health
  • Lifestyle
  • Science
  • Sports

Subscribe to our newsletter

Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
Loading
© The Fourth 2024. All Rights Reserved. By PixelDot Studios
  • About Us
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Careers
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?