फिल्म Hanuman Ansh इन दिनों अपनी आध्यात्मिक कहानी और भक्ति संगीत को लेकर चर्चा में है। फिल्म के गीत ‘मैंने तेरे ही भरोसे’ ने दर्शकों का ध्यान खींचा है। इस गीत के पीछे जिस आवाज ने लोगों को प्रभावित किया है, वह बुंदेलखंड के दृष्टिबाधित लोकगायक सुनील लोधी की है। गांव में तंबूरा लेकर भजन गाने वाले सुनील लोधी की आवाज सोशल मीडिया के जरिए लोगों तक पहुंची और देखते ही देखते उनके लिए फिल्मी दुनिया के दरवाजे खुल गए।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था सुनील लोधी का भजन
सुनील लोधी लंबे समय से भजन और बुंदेली लोकगीत गाते आ रहे हैं। उनकी पहचान किसी बड़े मंच या संगीत संस्थान से नहीं, बल्कि उनकी सादगी और भक्ति से भरी आवाज से बनी। उनका भजन ‘मोरे संकट के कटैया हनुमान’ सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। इस भजन की रिकॉर्डिंग को करोड़ों बार देखे जाने की बात सामने आई है। इसी वायरल वीडियो ने सुनील लोधी की आवाज को संगीत से जुड़े लोगों तक पहुंचाया और उनकी जिंदगी में एक बड़ा बदलाव आया।
वायरल भजन ने मुंबई तक पहुंचाई आवाज
रिपोर्ट्स के मुताबिक, संगीत निर्माता पंकज वीआरके ने सुनील लोधी की वायरल रिकॉर्डिंग सुनी। उनकी आवाज से प्रभावित होकर उन्होंने सुनील लोधी को तलाशा और बाद में उन्हें मुंबई बुलाया गया। मुंबई पहुंचने के बाद सुनील लोधी ने स्टूडियो में कई गीत रिकॉर्ड किए। खास बात यह रही कि रिकॉर्डिंग के दौरान उन्हें यह जानकारी नहीं थी कि इनमें से कौन-सा गीत फिल्म का हिस्सा बनेगा। बाद में उनकी आवाज में रिकॉर्ड किया गया ‘मैंने तेरे ही भरोसे’ फिल्म Hanuman Ansh के संगीत में शामिल हुआ।
Hanuman Ansh के लिए खास क्यों है सुनील की आवाज
Hanuman Ansh भक्ति और आध्यात्मिकता से जुड़ी कहानी पर आधारित फिल्म है। ऐसे में सुनील लोधी की लोक और भक्ति संगीत से जुड़ी आवाज फिल्म के भावनात्मक माहौल के साथ स्वाभाविक रूप से जुड़ती है। उनकी आवाज में बुंदेलखंड की मिट्टी की सादगी और पारंपरिक भक्ति संगीत की झलक सुनाई देती है। यही उनकी आवाज को खास बनाती है और ‘मैंने तेरे ही भरोसे’ को एक अलग पहचान देती है।
गांव से फिल्मी दुनिया तक पहुंचा सुनील लोधी का सफर
सुनील लोधी की कहानी किसी सामान्य फिल्मी सफर जैसी नहीं है। दृष्टिबाधित होने के बावजूद उन्होंने संगीत को अपनी पहचान बनाया और लंबे समय तक स्थानीय स्तर पर भजन गाते रहे। तंबूरा उनके साथ रहा और भक्ति गीत उनकी पहचान बने। एक वायरल वीडियो ने उनके इस हुनर को हजारों-लाखों लोगों तक पहुंचा दिया। इसके बाद उनकी आवाज मुंबई के स्टूडियो तक पहुंची और अब वह Hanuman Ansh के जरिए बड़े दर्शक वर्ग तक पहुंच रही है।
Hanuman Ansh की कहानी भी है आध्यात्मिक सफर
Hanuman Ansh की कहानी नीम करोली बाबा के जीवन और उनकी आध्यात्मिक यात्रा से प्रेरित बताई गई है। फिल्म में उनके जीवन के उस सफर को दिखाने की कोशिश की गई है, जिसमें सांसारिक जीवन से आगे बढ़कर आध्यात्मिकता, सेवा और ईश्वर की खोज का रास्ता सामने आता है। फिल्म में प्रेम, सेवा, जरूरतमंदों की मदद और राम नाम की भक्ति जैसे विचारों को प्रमुखता दी गई है। ऐसे में सुनील लोधी की आवाज वाला भजन फिल्म की आध्यात्मिक भावना को और मजबूत करता है।
‘मैंने तेरे ही भरोसे’ ने दिलाई नई पहचान
Hanuman Ansh से जुड़ने के बाद ‘मैंने तेरे ही भरोसे’ सुनील लोधी की पहचान का नया हिस्सा बन गया है। भक्ति से जुड़े इस गीत में उनकी आवाज की सादगी इसकी सबसे बड़ी खासियत है। सुनील लोधी की आवाज में किसी बड़े मंच की बनावटी चमक नहीं, बल्कि लोक संगीत और भक्ति की सहजता सुनाई देती है। यही वजह है कि उनका गीत और उनकी कहानी दोनों लोगों का ध्यान खींच रहे हैं।
सुनील लोधी की कहानी Hanuman Ansh के जरिए बुंदेलखंड की लोक संस्कृति और वहां की भक्ति परंपरा को भी बड़े मंच तक पहुंचाती है। एक दृष्टिबाधित लोकगायक का गांव में भजन गाने से लेकर फिल्म के लिए गीत रिकॉर्ड करने तक का सफर बेहद खास है। जिस आवाज को लोग कभी स्थानीय स्तर पर सुनते थे, वही आवाज आज फिल्मी संगीत का हिस्सा बन चुकी है। सुनील लोधी की यह कहानी बताती है कि प्रतिभा को पहचान मिलने के लिए हमेशा बड़े मंच की जरूरत नहीं होती। कभी-कभी एक छोटी-सी रिकॉर्डिंग भी कलाकार की पूरी जिंदगी बदल सकती है।
