By using this site, you agree to the Privacy Policy
Accept
March 7, 2026
The Fourth
  • World
  • India
  • Politics
  • Sports
  • Business
  • Tech
  • Fourth Special
  • Lifestyle
  • Health
  • More
    • Travel
    • Education
    • Science
    • Religion
    • Books
    • Entertainment
    • Food
    • Music
Reading: भारत में तेजी से बढ़ रही गिग इकॉनमी, सरकार भी दे रही गिग वर्कर्स का ध्यान
Font ResizerAa
The FourthThe Fourth
Search
  • World
  • India
  • Politics
  • Sports
  • Business
  • Tech
  • Fourth Special
  • Lifestyle
  • Health
  • More
    • Travel
    • Education
    • Science
    • Religion
    • Books
    • Entertainment
    • Food
    • Music
Follow US
WhatsApp Image 2025 03 27 at 12.47.51 PM - The Fourth
India

भारत में तेजी से बढ़ रही गिग इकॉनमी, सरकार भी दे रही गिग वर्कर्स का ध्यान

ये गिग वर्कर्स भारतीय अर्थव्यवस्था की महत्वपूर्ण रीढ़ बन चुके हैं

Last updated: मार्च 27, 2025 12:51 अपराह्न
By Rajneesh 12 महीना पहले
Share
3 Min Read
SHARE

भारत में गिग और प्लेटफॉर्म इकॉनमी तेजी से विस्तार कर रही है। उबर, स्विगी, ज़ोमैटो, अर्बनक्लैप जैसी कंपनियों ने पहले से चली आ रही नौकरियों से हटकर एक नया रोजगार मॉडल खड़ा किया है, जिसमें लोग अपनी सुविधा के अनुसार काम कर सकते हैं। ये गिग वर्कर्स भारतीय अर्थव्यवस्था की महत्वपूर्ण रीढ़ बन चुके हैं। वे न केवल लाखों उपभोक्ताओं को सेवाएँ दे रहे हैं बल्कि देश की अर्थव्यवस्था में भी बड़ा योगदान दे रहे हैं। यही कारण है कि नीति आयोग ने अनुमान लगाया है कि 2024-25 तक भारत में गिग इकॉनमी में काम करने वाले श्रमिकों की संख्या 1 करोड़ से अधिक होगी, जो 2029-30 तक बढ़कर 2.35 करोड़ तक पहुंच सकती है।

गिग इकॉनमी को एक बड़ी इंडस्ट्री बनाने के पीछे कई वजह हैं। जैसे – ऑनलाइन शॉपिंग और डिलीवरी सेवाओं की बढ़ती डिमांड।फ्लिपकार्ट, अमेज़न, जोमैटो, और स्विगी जैसी कंपनियाँ गिग वर्कर्स के बिना नहीं चल सकतीं। अब लोग स्वतंत्र रूप से डिजिटल माध्यमों पर अपने स्किल्स का उपयोग करके कमाई कर सकते हैं। सरकार द्वारा ई-श्रम पोर्टल और सामाजिक सुरक्षा योजनाएँ गिग वर्कर्स को संरक्षित करने के लिए लाई जा रही हैं।

हालांकि यह क्षेत्र अवसरों से भरा है, लेकिन इसके साथ कुछ गंभीर चुनौतियाँ भी हैं जैसे रेगुलर सैलरी या जॉब सिक्योरिटी की कमी। बीमा, पेंशन और स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी। गिग वर्कर्स को पारंपरिक कर्मचारियों की तरह कानूनी सुरक्षा नहीं मिलती। कंपनियों की एल्गोरिदमिक स्ट्रिक्टनेस और काम का दबाव।

इस सेक्टर के बढ़ते प्रभाव के कारण सरकार भी अब इन श्रमिकों की सुरक्षा और अधिकारों को लेकर कदम उठा रही है। केंद्र सरकार की नई पहल के अनुसार, बजट 2025-26 में गिग वर्कर्स के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएँ की गई थी जैसे उनका सभी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म वर्कर्स को सरकारी डेटाबेस में जोड़ा जाना। गिग वर्कर्स का पहचान पत्र जारी करना। और अब सरकार ने एक और बड़ा फैसला लिया है। इन वर्कर्स और उनके परिवारों को अब आयुष्मान भारत योजना के तहत 5 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य कवरेज मिलेगा। साथ ही, प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत उन्हें स्वास्थ्य बीमा कवर भी मिलेगा।

गिग इकॉनमी भारत के रोजगार क्षेत्र में बड़ा बदलाव ला रही है। हालांकि इसमें लचीलापन और नए अवसर हैं, लेकिन गिग वर्कर्स की सुरक्षा सुनिश्चित करना भी उतना ही जरूरी है। बजट 2025-26 में सरकार द्वारा उठाए गए कदम एक सकारात्मक शुरुआत हैं, लेकिन इन नीतियों को प्रभावी रूप से लागू करना आवश्यक है। भारत की आर्थिक वृद्धि और डिजिटल युग में श्रमिकों की भागीदारी को संतुलित करने के लिए गिग इकॉनमी को एक मजबूत और सुरक्षित ढांचा देना ही भविष्य की कुंजी होगी।

You Might Also Like

Holi 2026: 3 मार्च या 4 मार्च, कब मनाई जाएगी रंगों की Holi?

स्वदेशी हेलिकॉप्टर PRACHAND में उड़ान भरने वाली पहली राष्ट्रपति बनीं द्रौपदी मुर्मू

PM MODI ने बनाया नया इतिहास: Instagram पर 100 Million Followers वाले प्रथम विश्व नेताडिजिटल दुनिया में अद्भुत उपलब्धि

Madhepura Station पर मां की लाश संग आठ घंटे बैठी रहीं मासूम बेटियां

Kerala हुआ “Keralam” तो बंगाल ने भी की नाम बदलने की मांग

TAGGED: digital platforms, economic growth, gig economy, gig workers, india, platform economy, yushman Bharat yojana
Share This Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp LinkedIn
What do you think?
Love0
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Dead0
Wink0

Follow US

Find US on Social Medias

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
Loading

Popular News

Indore Green City. the fourth.in
Cities

स्वच्छता के बाद हरियाली की ओर Indore

3 महीना पहले

एक कलाकार जो था पठानों के घर का पंडित

अमेरिकी महिला ने ओशो पंथ पर लगाए संगीन आरोप, साझा किया वहां का काला सच

मारा जा चुका है रूस को हिला देने वाला प्रिगोझिन?

लखनऊ में इमारत हादसे में दो महिलाओं की मौत 

You Might Also Like

अश्लील कंटेंट पर सरकार की बड़ी कार्रवाई, 5 OTT प्लेटफॉर्म भारत में बैन
Entertainment

अश्लील कंटेंट पर सरकार की बड़ी कार्रवाई, 5 OTT प्लेटफॉर्म भारत में बैन

1 सप्ताह पहले
जिंदगी बचाने निकली AIR AMBULANCE बनी हादसे का शिकार
India

जिंदगी बचाने निकली AIR AMBULANCE बनी हादसे का शिकार

2 सप्ताह पहले
Rashmika ने की शादी की पुष्टि, पर आखिर कौन है ‘विरोश'
India

Rashmika ने की शादी की पुष्टि, पर आखिर कौन है ‘विरोश’

2 सप्ताह पहले
ये हैं भारत का ‘Epstein’… 33 मासूमों की ज़िंदगी से खेलकर कमाई का घिनौना धंधा
India

ये हैं भारत का ‘Epstein’… 33 मासूमों की ज़िंदगी से खेलकर कमाई का घिनौना धंधा

2 सप्ताह पहले
The Fourth
  • About Us
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Careers
  • Entertainment
  • Fashion
  • Health
  • Lifestyle
  • Science
  • Sports

Subscribe to our newsletter

Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
Loading
© The Fourth 2024. All Rights Reserved. By PixelDot Studios
  • About Us
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Careers
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?