By using this site, you agree to the Privacy Policy
Accept
June 6, 2026
The Fourth
  • World
  • India
  • Politics
  • Sports
  • Business
  • Tech
  • Fourth Special
  • Lifestyle
  • Health
  • More
    • Travel
    • Education
    • Science
    • Religion
    • Books
    • Entertainment
    • Food
    • Music
Reading: Surya Grahan 2026 का आध्यात्मिक अर्थ क्या है, 17 फरवरी क्यों है खास?
Font ResizerAa
The FourthThe Fourth
Search
  • World
  • India
  • Politics
  • Sports
  • Business
  • Tech
  • Fourth Special
  • Lifestyle
  • Health
  • More
    • Travel
    • Education
    • Science
    • Religion
    • Books
    • Entertainment
    • Food
    • Music
Follow US
Surya Grahan 2026 का आध्यात्मिक अर्थ क्या है, 17 फरवरी क्यों है खास?
India

Surya Grahan 2026 का आध्यात्मिक अर्थ क्या है, 17 फरवरी क्यों है खास?

समय, तिथि और सूतक की पूरी जानकारी

Last updated: फ़रवरी 17, 2026 2:23 अपराह्न
By Divisha 4 महीना पहले
Share
3 Min Read
SHARE

साल 2026 का पहला Surya Grahan 17 फरवरी, मंगलवार को लगने जा रहा है। यह एक वलयाकार Surya Grahan होगा। खगोल विज्ञान के अनुसार इस दिन चंद्रमा सूर्य के सामने आ जाएगा, लेकिन उसे पूरी तरह ढक नहीं पाएगा। इसी वजह से सूर्य का बाहरी हिस्सा चमकता हुआ दिखाई देता है। यह साल का पहला बड़ा खगोलीय घटनाक्रम माना जा रहा है।

Surya Grahan 2026 की तिथि और समय

भारतीय समयानुसार Surya Grahan 17 फरवरी 2026 को दोपहर लगभग 3 बजकर 26 मिनट से शुरू होगा।
ग्रहण का मध्य काल शाम करीब 5 बजे के आसपास रहेगा।
ग्रहण की समाप्ति शाम लगभग 7 बजकर 57 मिनट पर मानी जा रही है। यह समय खगोलीय गणनाओं पर आधारित है। अलग अलग स्थानों के अनुसार कुछ मिनट का अंतर संभव है।

क्या भारत में दिखाई देगा Surya Grahan 2026

यह Surya Grahan भारत में दिखाई नहीं देगा। यह मुख्य रूप से दक्षिण अमेरिका, अंटार्कटिका और अफ्रीका के कुछ हिस्सों में देखा जा सकेगा। भारत में दृश्यता नहीं होने के कारण इसका प्रत्यक्ष खगोलीय प्रभाव यहां नजर नहीं आएगा।

Surya Grahan 2026 का सूतक काल

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सूर्य ग्रहण से लगभग 12 घंटे पहले सूतक काल शुरू हो जाता है। लेकिन नियम यह है कि सूतक काल वहीं मान्य होता है जहां Grahan दिखाई देता है।
चूंकि 17 फरवरी 2026 का Surya Grahan भारत में दिखाई नहीं देगा, इसलिए भारत में सूतक काल मान्य नहीं होगा। मंदिरों के पट बंद करने या विशेष नियमों का पालन करना आवश्यक नहीं माना जाएगा।

Surya Grahan का आध्यात्मिक महत्व

सूर्य को आत्मा, प्रकाश और चेतना का प्रतीक माना जाता है। जब Surya Grahan लगता है तो इसे प्रतीकात्मक रूप से आत्मविश्लेषण का समय समझा जाता है। मान्यता है कि इस दौरान बाहरी प्रकाश कुछ समय के लिए कम होता है, जिससे व्यक्ति को अपने भीतर झांकने का अवसर मिलता है। आध्यात्मिक साधक इसे ध्यान, मंत्र जाप और सकारात्मक संकल्प लेने के लिए उपयुक्त समय मानते हैं।

वैज्ञानिक दृष्टिकोण से Surya Grahan एक सामान्य खगोलीय घटना है, जो पृथ्वी, चंद्रमा और सूर्य की स्थिति के कारण होती है। इसका मानव जीवन पर कोई प्रत्यक्ष वैज्ञानिक प्रभाव सिद्ध नहीं है।

17 फरवरी 2026 क्यों मानी जा रही है खास

यह Surya Grahan कुंभ राशि में लग रहा है। ज्योतिष के अनुसार कुंभ राशि नवाचार, सामाजिक चेतना और भविष्य की योजनाओं से जुड़ी होती है। ऐसी स्थिति में ग्रहण को सामूहिक चेतना में बदलाव का संकेत माना जा रहा है। कुछ ज्योतिषाचार्यों का मानना है कि यह समय पुरानी सोच छोड़कर नई दिशा अपनाने का संदेश देता है।

You Might Also Like

Brown में दिखा करिश्मा कपूर का सबसे अलग अवतार

World Environment Day 2026 क्यों पूरी दुनिया के लिए अहम है

Indore में मासूम की माैत, परिवार ने गलत इलाज का आरोप लगाया

Indore में पानी चारी रोकने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगा रहे

मध्यप्रदेश में मंदिरों के लिए ‘Temple-Bond’

TAGGED: 17 february 2026, Surya Grahan 2026, thefourth, thefourthindia
Share This Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp LinkedIn
What do you think?
Love1
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Dead0
Wink0

Follow US

Find US on Social Medias

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
Loading

Popular News

IMG 20260408 WA00151 - The Fourth
India

Vikramaditya Vedic Clock से काशी में लौटा प्राचीन समय ज्ञान

2 महीना पहले

दिल्ली महिला आयोग के 223 कर्मचारी बर्खास्त

राजस्थान के स्कूल-कॉलेजों में हिजाब बैन करने की तैयारी

गुजरात में बढ़ता जा रहा चांदीपुरा वायरस का कहर, 1966 से शुरू हुआ खतरा!

कर्नाटक के बेलगावी जिले में आदिवासी महिला के साथ की बदसलूकी !

You Might Also Like

uttarakhand-me-fir-khila-valley-of-flowers-ka-saundarya
Fourth Special

उत्तराखंड में फिर खिला Valley of Flowers का सौंदर्य

3 दिन पहले
IIT-baba-adikarta-narayan-shoshan-ke-case-me-giraftar
National

IIT बाबा आदिकर्ता नारायण शोषण केस में गिरफ्तार

3 दिन पहले
IMG 20260601 WA0004 - The Fourth
India

केदारनाथ मंदिर के दान के पैसों से VIP की खातिरदारी, हंगामा

5 दिन पहले
Harmanpreet-kaur-ne-kaise-tay-kiya-Padma-Shri-tak-ka-safar
National

हरमनप्रीत कौर ने कैसे तय किया Padma Shri तक का सफर

2 सप्ताह पहले
The Fourth
  • About Us
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Careers
  • Entertainment
  • Fashion
  • Health
  • Lifestyle
  • Science
  • Sports

Subscribe to our newsletter

Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
Loading
© The Fourth 2024. All Rights Reserved. By PixelDot Studios
  • About Us
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Careers
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?