फिल्म इंडस्ट्री में धार्मिक और आध्यात्मिक कहानियों पर आधारित फिल्मों को लेकर एक बार फिर हलचल बढ़ती नजर आ रही है। इसकी चर्चा अगस्त 2026 में रिलीज हुई Hanuman Ansh की बॉक्स ऑफिस सफलता के बाद तेज हुई है। नीम करोली बाबा के जीवन और आध्यात्मिक यात्रा से प्रेरित इस फिल्म ने शुरुआत में धीमी रफ्तार के बाद बॉक्स ऑफिस पर मजबूत पकड़ बनाई। रिपोर्ट के मुताबिक फिल्म भारत में ₹200 करोड़ का नेट आंकड़ा पार कर चुकी थी।
इसके बाद सितंबर में धार्मिक और पौराणिक विषयों पर आधारित कई नए फिल्म प्रोजेक्ट्स की घोषणाएं सामने आईं। इनमें साईं बाबा, खाटू श्याम और राधा-कृष्ण जैसे धार्मिक विषयों पर बनने वाली फिल्में शामिल हैं। हालांकि, इन सभी परियोजनाओं को सीधे Hanuman Ansh की सफलता का परिणाम कहना निर्माताओं की ओर से आधिकारिक तौर पर स्थापित नहीं है। इंडस्ट्री रिपोर्ट्स ने इन घोषणाओं को फिल्म की सफलता के बाद बने नए रुझान के संदर्भ में जरूर देखा है।
Hanuman Ansh ने बॉक्स ऑफिस पर बदला समीकरण
Hanuman Ansh 7 अगस्त 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। यह फिल्म नीम करोली बाबा के जीवन और उनकी आध्यात्मिक यात्रा से प्रेरित है। कहानी एक ऐसे युवक की यात्रा पर केंद्रित है, जो जीवन, मृत्यु और मानवीय पीड़ा से जुड़े सवालों के जवाब तलाशते हुए आध्यात्मिक मार्ग की ओर बढ़ता है। फिल्म में चंदन आनंद सहित कई कलाकार नजर आए हैं और इसका निर्देशन विशाल चतुर्वेदी ने किया है। फिल्म की शुरुआत बड़े बजट या बड़े स्टार की फिल्म जैसी नहीं रही, लेकिन बाद के हफ्तों में दर्शकों की संख्या बढ़ती गई।
एनडीटीवी प्रॉफिट की 14 सितंबर की रिपोर्ट के अनुसार, 38वें दिन तक फिल्म का भारत में नेट कलेक्शन ₹214.63 करोड़ पहुंच गया था। रिपोर्ट में सैक्निल्क के आंकड़ों का हवाला दिया गया है। यही प्रदर्शन धार्मिक और आध्यात्मिक विषयों पर बनने वाली फिल्मों को लेकर चर्चा का बड़ा कारण बना। इसके बाद सितंबर में एक के बाद एक कई प्रोजेक्ट्स की घोषणाएं सामने आईं।
संजय मिश्रा की तेरा साईं से बढ़ी चर्चा
इनमें सबसे प्रमुख नाम तेरा साईं का है। फिल्म में अभिनेता संजय मिश्रा साईं बाबा की भूमिका निभा रहे हैं। फिल्म का निर्देशन और लेखन पलाश मुच्छल ने किया है। कहानी साईं बाबा के जीवन, उनकी शिक्षाओं और उनके प्रति लोगों की आस्था के इर्द-गिर्द रखी गई है। फिल्म को 5 फरवरी 2027 को सिनेमाघरों में रिलीज किया जाना है। यह हिंदी के अलावा मराठी, तेलुगु और तमिल भाषाओं में भी रिलीज होगी। फिल्म में संजय मिश्रा के साथ सयाजी शिंदे, मनोज जोशी, ओमकार दास माणिकपुरी, अविका गोर और रोहन मेहरा जैसे कलाकार भी शामिल हैं।
खाटू श्याम की कथा भी बड़े पर्दे पर
इसी दौरान ‘हारे का सहारा, बाबा खाटू श्याम हमारा’ नाम की धार्मिक फिल्म की घोषणा हुई। अबंडंटिया एंटरटेनमेंट और सिलेक्ट मीडिया होल्डिंग्स इस प्रोजेक्ट से जुड़े हैं। फिल्म को 2027 में सिनेमाघरों में रिलीज करने की तैयारी है। फिल्म की कहानी खाटू श्याम जी से जुड़ी धार्मिक मान्यताओं और महाभारत के पात्र बर्बरीक के जीवन से प्रेरित बताई गई है। हालांकि, फिल्म के निर्देशक और मुख्य कलाकारों की जानकारी अभी सामने नहीं आई है। निर्माताओं की ओर से इन जानकारियों की घोषणा बाद में की जानी है।
राधा-कृष्ण की कहानी पर भी बन रही फिल्म
धार्मिक सिनेमा की इस चर्चा में राधा-कृष्ण पर बनने वाली फिल्म भी शामिल हो गई है। धर्मा प्रोडक्शंस इस प्रोजेक्ट पर काम कर रहा है और फिल्म का निर्देशन सचिन रवि करेंगे, जो अवने श्रीमन्नारायण के निर्देशक रह चुके हैं। रिपोर्ट के अनुसार फिल्म फिलहाल प्री-प्रोडक्शन चरण में है और प्रमुख भूमिकाओं के लिए कास्टिंग पर काम चल रहा है। इस प्रोजेक्ट को बड़े स्तर पर तैयार किए जाने की योजना है। फिल्म कृष्ण के शुरुआती जीवन और कंस के साथ उनके संघर्ष की कहानी को बड़े विजुअल स्केल पर प्रस्तुत करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। हालांकि, कलाकारों और रिलीज डेट को लेकर अभी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
रामायण और अन्य पौराणिक प्रोजेक्ट भी चर्चा में
धार्मिक फिल्मों की इस सूची में रामायण और अन्य पौराणिक कथाओं पर आधारित प्रोजेक्ट्स भी चर्चा में हैं। इंडस्ट्री रिपोर्ट्स में ‘महाकाव्य श्री रामायण कथा’, ‘कृष्णावतारम’ और ‘महावतार परशुराम’ जैसे प्रोजेक्ट्स का उल्लेख किया गया है।
वहीं, महावतार परशुराम को ‘महावतार नृसिंह’ से जुड़े सिनेमाई यूनिवर्स के अगले अध्याय के तौर पर भी बताया गया है। दूसरी ओर, ‘कृष्णावतारम’ को लेकर भी बड़े स्तर पर पौराणिक कहानी को पर्दे पर लाने की तैयारी की रिपोर्ट सामने आई है।
क्या Hanuman Ansh से शुरू हुआ नया ट्रेंड?
Hanuman Ansh की सफलता के बाद धार्मिक विषयों वाली फिल्मों की घोषणाओं का सिलसिला जरूर तेज दिखाई दे रहा है। साईं बाबा और खाटू श्याम पर बनने वाली फिल्मों की घोषणा एक ही समय के आसपास हुई, जबकि राधा-कृष्ण और दूसरी पौराणिक कहानियों पर भी प्रोजेक्ट्स चर्चा में हैं। हालांकि, इसे पूरी तरह Hanuman Ansh की सफलता का सीधा प्रभाव मानना अभी जल्दबाजी होगी।
कई बड़े धार्मिक और पौराणिक प्रोजेक्ट्स की तैयारी लंबे समय से चल सकती है और उनके विकास की प्रक्रिया फिल्म की रिलीज से पहले शुरू हुई हो सकती है। फिलहाल इतना स्पष्ट है कि 2026 में धार्मिक और आध्यात्मिक कहानियां हिंदी सिनेमा के साथ-साथ दूसरे भारतीय फिल्म उद्योगों में भी लगातार चर्चा में हैं। यानी आने वाले समय में दर्शकों को साईं बाबा, खाटू श्याम, राधा-कृष्ण, रामायण और अन्य धार्मिक-पौराणिक कथाओं पर आधारित कई नई फिल्में बड़े पर्दे पर देखने को मिल सकती हैं।
